सूरजपुर। छत्तीसगढ़ में भ्रष्ट अधिकारियों और कर्मचारियों पर लगातार एसीबी-इओडब्ल्यू की टीम कार्रवाई कर रही है। इसी क्रम में एसीबी की टीम ने सूरजपुर में तहसीलदार के बाबू को रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा है। किसान से बाबू 25 हजार की रिश्वत ले रहा था। आरोपी बाबू का नाम जुगेशवर राजवाड़े है।
दरअसल, पीड़ित धनेश्वर राम पैकरा निवासी ग्राम केशवनगर ने अंबिकापुर में शिकायत किया कि वह ग्राम केशवनगर प.ह.नं. 25 में अपनी पत्नी के नाम पर भूमि क्रय किया था, जिसे वर्ष 2008 में अपने पुत्र एवं पुत्री के नाम पर रजिस्ट्री कर नामांतरण कराया गया था। किन्तु उनके पुत्र का वर्ष 2018 में आकस्मिक निधन हो जाने एवं एवं उनकी पुत्री का विवाह होकर ससुराल चले गई, उनके द्वारा उक्त भूमि को अपने नाम पर नामांतरण कराने के लिये तहसील कार्यालय सूरजपुर में आवेदन किया था।
पीड़ित द्वारा कार्रवाई न होने पर तहसील कार्यालय सूरजपूर के बाबू जोगेश्वर राजवाड़े सहायक ग्रेड-2 से मुलाकात करने पर उनके द्वारा 30,000 रूपये रिश्वत की मांग की गई थी। पीड़ित रिश्वत नहीं देना चाहता था बल्कि आरोपी को रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़वाना चाहता था। शिकायत सत्यापन के दौरान मोलभाव कर 25,000 रूपये लेने आरोपी बाबू सहमत हुआ। आज ट्रेप आयोजित कर प्रार्थी से तहसील कार्यालय सूरजपूर के बाबू जोगेश्वर राजवाड़े, सहायक ग्रेड-2 को 25,000 रूपये रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा गया।
आरोपी को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध धारा 7 पीसीएक्ट 1988 (संशोधित अधिनियम 2018) के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जा रही है। आरोपी से एसीबी की टीम पूछताछ कर रही है। वहीं, इस कार्रवाई के बाद पूरे तहसील कार्यालय में हड़कंप मच गया।




















