रायगढ़, 30 मार्च 2020/ कोरोना वायरस (कोविड-19)के संक्रमण से बचाव हेतु पूरे विश्व में 21 दिनों के लिए लॉक डाउन किया गया है। इस दौरान जिले के निजी स्कूलों में कार्यरत स्कूल के कर्मचारियों द्वारा यह शिकायत प्राप्त हो रही है कि स्कूल संचालकों द्वारा कार्यरत शिक्षक एवं स्टॉफ को मौखिक रूप से यह कहा जा रहा है कि चूंकि स्कूल बंद है एवं हमें इस सत्र का फीस प्राप्त नहीं हुआ है, जिसके कारण आपको वेतन प्रदाय नहीं किया जाएगा। कुछ स्कूल संचालकों द्वारा शिक्षकों की सेवा समाप्ति करने के संबंध में भी निर्णय लेने का विचार किया जा रहा है जो कि अत्यंत गैर जिम्मेदाराना पूर्ण व्यवहार है।
कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री यशवंत कुमार ने इस बात को गंभीरता से लेते हुए जिले के समस्त निजी स्कूल संचालकों को लॉक डाउन के दौरान स्कूल बंद होने की स्थिति में प्रत्येक कर्मचारियों का वेतन देने हेतु निर्देशित किया है। उन्होंने कहा कि आपदा की इस परिस्थिति में किसी भी शिक्षक एवं कर्मचारी की सेवा समाप्ति नहीं की जाएगी। कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी, लीड बैंक अधिकारी एवं समस्त बैंक मैनेजर को कहा है कि स्कूल संचालक, स्कूल संचालन हेतु खोले गये बैंक खाते में उपलब्ध राशि को अन्य खाते में ऑनलाईन ट्रांसर्फर कर सकते है। अत: ऐसे खातों में शिक्षक एवं कर्मचारियों के वेतन के अलावा अन्य किसी भी प्रकार का लेनदेन पर रोक लगाए तथा तत्काल प्रभाव से उचित कार्यवाही करें। कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी को कहा कि ऐसे समस्त स्कूल संचालक जो इस आदेश का पालन नहीं करते है तो तत्काल उस पर आवश्यक दण्ड एवं शास्ति अधिरोपित करें और उल्लंघन करने पर उनकी मान्यता भी रद्द करने के संबंध में कार्यवाही करना सुनिश्चित करें।
